आनुवंशिकी (Genetics)
भाग 1: मेंडेलियन आनुवंशिकी और बुनियादी अवधारणाएं (Mendelian Genetics & Basic Concepts)
Q1. आनुवंशिकी के जनक ग्रेगर जॉन मेंडल के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- उन्होंने अपने वंशागति के नियमों को प्रतिपादित करने के लिए उद्यान मटर (Pisum sativum) के पौधे पर 7 वर्षों तक प्रयोग किए।
- मेंडल ने मटर के पौधे के सात जोड़ी विपरीत लक्षणों (Contrasting Traits) का चयन किया था।
- उनके कार्यों को उनके जीवनकाल में ही वैज्ञानिक जगत द्वारा तुरंत व्यापक मान्यता मिल गई थी।
उपरोक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1 और 3
(d) 1, 2 और 3
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1 और 3
(d) 1, 2 और 3
उत्तर: (a) केवल 1 और 2
व्याख्या: मेंडल ने 1856 से 1863 तक मटर के पौधों पर प्रयोग किए और 7 जोड़ी विपरीत लक्षणों को चुना। हालांकि, उनके निष्कर्षों को उनके जीवनकाल में मान्यता नहीं मिली। वर्ष 1900 में उनकी मृत्यु के बाद ह्यूगो डी व्रीज, कार्ल कोरेंस और एरिच वॉन शेरमाक द्वारा उनके नियमों की पुनर्खोज की गई। इसलिए कथन 3 गलत है।
व्याख्या: मेंडल ने 1856 से 1863 तक मटर के पौधों पर प्रयोग किए और 7 जोड़ी विपरीत लक्षणों को चुना। हालांकि, उनके निष्कर्षों को उनके जीवनकाल में मान्यता नहीं मिली। वर्ष 1900 में उनकी मृत्यु के बाद ह्यूगो डी व्रीज, कार्ल कोरेंस और एरिच वॉन शेरमाक द्वारा उनके नियमों की पुनर्खोज की गई। इसलिए कथन 3 गलत है।
Q2. मेंडल के 'पृथक्करण के नियम' (Law of Segregation) के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सत्य है?
(a) यह नियम केवल द्विसंकर क्रॉस (Dihybrid Cross) पर लागू होता है।
(b) युग्मक (Gametes) निर्माण के समय एलील के जोड़े आपस में अलग हो जाते हैं और प्रत्येक युग्मक को केवल एक ही एलील मिलता है।
(c) इसे 'युग्मकों की अशुद्धता का नियम' भी कहा जाता है।
(d) इस नियम के अनुसार एलील कभी भी स्वतंत्र रूप से व्यवहार नहीं करते।
(b) युग्मक (Gametes) निर्माण के समय एलील के जोड़े आपस में अलग हो जाते हैं और प्रत्येक युग्मक को केवल एक ही एलील मिलता है।
(c) इसे 'युग्मकों की अशुद्धता का नियम' भी कहा जाता है।
(d) इस नियम के अनुसार एलील कभी भी स्वतंत्र रूप से व्यवहार नहीं करते।
उत्तर: (b)
व्याख्या: पृथक्करण के नियम को 'युग्मकों की शुद्धता का नियम' (Law of Purity of Gametes) कहा जाता है। इसके अनुसार, जब किसी जीव में युग्मक बनते हैं, तो एलील के जोड़े अलग हो जाते हैं, जिससे प्रत्येक युग्मक में केवल एक ही एलील पहुंचता है। यह नियम बिना किसी अपवाद के सार्वभौमिक है।
व्याख्या: पृथक्करण के नियम को 'युग्मकों की शुद्धता का नियम' (Law of Purity of Gametes) कहा जाता है। इसके अनुसार, जब किसी जीव में युग्मक बनते हैं, तो एलील के जोड़े अलग हो जाते हैं, जिससे प्रत्येक युग्मक में केवल एक ही एलील पहुंचता है। यह नियम बिना किसी अपवाद के सार्वभौमिक है।
Q3. निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए:
- फेनोटाइप (Phenotype): किसी जीव का बाह्य या शारीरिक रूप।
- जीनोटाइप (Genotype): किसी जीव का आनुवंशिक संगठन या जीन संरचना।
- होमोजाइगस (Homozygous): जब किसी लक्षण के लिए दोनों एलील समान (जैसे TT या tt) हों।
उपरोक्त में से कितने युग्म सही सुमेलित हैं?
(a) केवल एक युग्म
(b) केवल दो युग्म
(c) सभी तीनों युग्म
(d) कोई भी नहीं
(a) केवल एक युग्म
(b) केवल दो युग्म
(c) सभी तीनों युग्म
(d) कोई भी नहीं
उत्तर: (c) सभी तीनों युग्म
व्याख्या: दिए गए तीनों शब्द आनुवंशिकी के मूलभूत तकनीकी शब्द हैं और उनकी परिभाषाएं पूरी तरह से सही सुमेलित हैं।
व्याख्या: दिए गए तीनों शब्द आनुवंशिकी के मूलभूत तकनीकी शब्द हैं और उनकी परिभाषाएं पूरी तरह से सही सुमेलित हैं।
Q4. मेंडल के 'स्वतंत्र अपव्यूहन के नियम' (Law of Independent Assortment) का मुख्य अपवाद निम्नलिखित में से कौन सा है?
(a) सह-प्रभाविता (Co-dominance)
(b) सहलग्नता (Linkage)
(c) अपूर्ण प्रभाविता (Incomplete Dominance)
(d) बहु-एलीलवाद (Multiple Allelism)
(b) सहलग्नता (Linkage)
(c) अपूर्ण प्रभाविता (Incomplete Dominance)
(d) बहु-एलीलवाद (Multiple Allelism)
उत्तर: (b) सहलग्नता (Linkage)
व्याख्या: स्वतंत्र अपव्यूहन का नियम कहता है कि विभिन्न लक्षणों के जीन एक-दूसरे से स्वतंत्र होकर अगली पीढ़ी में जाते हैं। लेकिन यदि दो जीन एक ही गुणसूत्र (Chromosome) पर बहुत पास स्थित हों, तो वे एक साथ वंशागत होते हैं। इसे सहलग्नता (Linkage) कहते हैं, जिसकी खोज थॉमस हंट मॉर्गन ने की थी।
व्याख्या: स्वतंत्र अपव्यूहन का नियम कहता है कि विभिन्न लक्षणों के जीन एक-दूसरे से स्वतंत्र होकर अगली पीढ़ी में जाते हैं। लेकिन यदि दो जीन एक ही गुणसूत्र (Chromosome) पर बहुत पास स्थित हों, तो वे एक साथ वंशागत होते हैं। इसे सहलग्नता (Linkage) कहते हैं, जिसकी खोज थॉमस हंट मॉर्गन ने की थी।
Q5. जब एक शुद्ध लाल फूल वाले पौधे (RR) का क्रॉस एक शुद्ध सफेद फूल वाले पौधे (rr) से कराया जाता है, और F1 पीढ़ी में सभी पौधे गुलाबी फूल (Rr) वाले प्राप्त होते हैं, तो यह घटना क्या कहलाती है?
(a) पूर्ण प्रभाविता (Complete Dominance)
(b) सह-प्रभाविता (Co-dominance)
(c) अपूर्ण प्रभाविता (Incomplete Dominance)
(d) बहुप्रभाविता (Pleiotropy)
(b) सह-प्रभाविता (Co-dominance)
(c) अपूर्ण प्रभाविता (Incomplete Dominance)
(d) बहुप्रभाविता (Pleiotropy)
उत्तर: (c) अपूर्ण प्रभाविता (Incomplete Dominance)
व्याख्या: अपूर्ण प्रभाविता में प्रभावी एलील अप्रभावी एलील को पूरी तरह से दबा नहीं पाता, जिससे दोनों का एक मिश्रित (गुलाबी) लक्षण सामने आता है। इसका प्रसिद्ध उदाहरण मिराबिलिस जलापा (Mirabilis jalapa / गुलअब्बास) का पौधा है।
व्याख्या: अपूर्ण प्रभाविता में प्रभावी एलील अप्रभावी एलील को पूरी तरह से दबा नहीं पाता, जिससे दोनों का एक मिश्रित (गुलाबी) लक्षण सामने आता है। इसका प्रसिद्ध उदाहरण मिराबिलिस जलापा (Mirabilis jalapa / गुलअब्बास) का पौधा है।
Q6 से Q15 तक (त्वरित वैचारिक प्रश्न)
Q6. एक मोनोहाइब्रिड (एकल संकर) क्रॉस की F2 पीढ़ी में फेनोटाइपिक अनुपात क्या होता है?
(a) 1:2:1
(b) 3:1
(c) 9:3:3:1
(d) 1:1
उत्तर: (b) व्याख्या: बाह्य रूप से देखने पर 3 पौधे प्रभावी लक्षण वाले और 1 पौधा अप्रभावी लक्षण वाला होता है (जैसे 3 लंबे, 1 बौना)। इसका जीनोटाइपिक अनुपात 1:2:1 होता है।
(a) 1:2:1
(b) 3:1
(c) 9:3:3:1
(d) 1:1
उत्तर: (b) व्याख्या: बाह्य रूप से देखने पर 3 पौधे प्रभावी लक्षण वाले और 1 पौधा अप्रभावी लक्षण वाला होता है (जैसे 3 लंबे, 1 बौना)। इसका जीनोटाइपिक अनुपात 1:2:1 होता है।
Q7. एक द्विसंकर संकरण (Dihybrid Cross) की F2 पीढ़ी का फेनोटाइपिक अनुपात क्या होता है?
(a) 3:1
(b) 1:2:1
(c) 9:3:3:1
(d) 9:7
उत्तर: (c) व्याख्या: दो लक्षणों को एक साथ लेकर कराए गए क्रॉस में F2 पीढ़ी में 9:3:3:1 का अनुपात प्राप्त होता है, जो स्वतंत्र अपव्यूहन को दर्शाता है।
(a) 3:1
(b) 1:2:1
(c) 9:3:3:1
(d) 9:7
उत्तर: (c) व्याख्या: दो लक्षणों को एक साथ लेकर कराए गए क्रॉस में F2 पीढ़ी में 9:3:3:1 का अनुपात प्राप्त होता है, जो स्वतंत्र अपव्यूहन को दर्शाता है।
Q8. 'टेस्ट क्रॉस' (Test Cross) का उपयोग किसलिए किया जाता है?
(a) किसी अज्ञात फेनोटाइप वाले पौधे का जीनोटाइप जानने के लिए।
(b) पौधे में रोग प्रतिरोधक क्षमता जांचने के लिए।
(c) दो अप्रभावी पौधों के बीच क्रॉस कराने के लिए।
(d) केवल F1 पीढ़ी के पौधों को नष्ट करने के लिए।
उत्तर: (a) व्याख्या: टेस्ट क्रॉस में अज्ञात जीनोटाइप वाले प्रभावी जीव का क्रॉस शुद्ध अप्रभावी (Homozygous Recessive) जनक से कराया जाता है ताकि उसका वास्तविक जीनोटाइप पता चल सके।
(a) किसी अज्ञात फेनोटाइप वाले पौधे का जीनोटाइप जानने के लिए।
(b) पौधे में रोग प्रतिरोधक क्षमता जांचने के लिए।
(c) दो अप्रभावी पौधों के बीच क्रॉस कराने के लिए।
(d) केवल F1 पीढ़ी के पौधों को नष्ट करने के लिए।
उत्तर: (a) व्याख्या: टेस्ट क्रॉस में अज्ञात जीनोटाइप वाले प्रभावी जीव का क्रॉस शुद्ध अप्रभावी (Homozygous Recessive) जनक से कराया जाता है ताकि उसका वास्तविक जीनोटाइप पता चल सके।
Q9. 'प्लीओट्रॉपी' (Pleiotropy/बहुप्रभाविता) की घटना का क्या अर्थ है?
(a) जब कई जीन मिलकर किसी एक लक्षण को नियंत्रित करते हैं।
(b) जब एक अकेला जीन एक से अधिक फेनोटाइपिक लक्षणों को नियंत्रित करता है।
(c) जब जीन पर्यावरण से प्रभावित होते हैं।
(d) जब गुणसूत्रों की संख्या बदल जाती है।
उत्तर: (b) व्याख्या: जब एक जीन शरीर के कई अंगों या लक्षणों को प्रभावित करता है, तो उसे प्लीओट्रॉपी कहते हैं। उदाहरण: सिकल सेल एनीमिया या फेनिलकीटोनुरिया रोग।
(a) जब कई जीन मिलकर किसी एक लक्षण को नियंत्रित करते हैं।
(b) जब एक अकेला जीन एक से अधिक फेनोटाइपिक लक्षणों को नियंत्रित करता है।
(c) जब जीन पर्यावरण से प्रभावित होते हैं।
(d) जब गुणसूत्रों की संख्या बदल जाती है।
उत्तर: (b) व्याख्या: जब एक जीन शरीर के कई अंगों या लक्षणों को प्रभावित करता है, तो उसे प्लीओट्रॉपी कहते हैं। उदाहरण: सिकल सेल एनीमिया या फेनिलकीटोनुरिया रोग।
Q10. मानव की त्वचा का रंग (Skin Color) आनुवंशिकी के किस प्रतिरूप का उदाहरण है?
(a) बहु-एलीलवाद (Multiple Allelism)
(b) मात्रात्मक या बहुजीनी वंशागति (Polygenic Inheritance)
(c) सह-प्रभाविता
(d) मातृ वंशागति (Maternal Inheritance)
उत्तर: (b) व्याख्या: मानव त्वचा का रंग, कद आदि लक्षण किसी एक जीन से नहीं बल्कि कई जीनों के संचयी प्रभाव (Cumulative effect) से तय होते हैं। इसे पॉलीजेनिक वंशागति कहते हैं।
(a) बहु-एलीलवाद (Multiple Allelism)
(b) मात्रात्मक या बहुजीनी वंशागति (Polygenic Inheritance)
(c) सह-प्रभाविता
(d) मातृ वंशागति (Maternal Inheritance)
उत्तर: (b) व्याख्या: मानव त्वचा का रंग, कद आदि लक्षण किसी एक जीन से नहीं बल्कि कई जीनों के संचयी प्रभाव (Cumulative effect) से तय होते हैं। इसे पॉलीजेनिक वंशागति कहते हैं।
Q11. वंशागति का गुणसूत्र सिद्धांत (Chromosomal Theory of Inheritance) किसने प्रतिपादित किया था?
(a) ग्रेगर मेंडल
(b) सटन और बोवेरी (Sutton and Boveri)
(c) थॉमस हंट मॉर्गन
(d) वॉटसन और क्रिक
उत्तर: (b) व्याख्या: 1902 में वाल्टर सटन और थियोडोर बोवेरी ने तर्क दिया कि गुणसूत्रों का व्यवहार मेंडल के 'कारकों' (जीन) के समान ही होता है।
(a) ग्रेगर मेंडल
(b) सटन और बोवेरी (Sutton and Boveri)
(c) थॉमस हंट मॉर्गन
(d) वॉटसन और क्रिक
उत्तर: (b) व्याख्या: 1902 में वाल्टर सटन और थियोडोर बोवेरी ने तर्क दिया कि गुणसूत्रों का व्यवहार मेंडल के 'कारकों' (जीन) के समान ही होता है।
Q12. 'एलील' (Allele) शब्द का क्या अर्थ है?
(a) गुणसूत्र का एक हिस्सा
(b) किसी जीन के वैकल्पिक रूप (Alternative forms of a gene)
(c) आरएनए का एक प्रकार
(d) डीएनए की पूरी श्रृंखला
उत्तर: (b) व्याख्या: एक ही जीन के विभिन्न रूपों को एलील कहा जाता है जो एक ही लक्षण के अलग-अलग रूपों (जैसे लंबा या बौना) को नियंत्रित करते हैं।
(a) गुणसूत्र का एक हिस्सा
(b) किसी जीन के वैकल्पिक रूप (Alternative forms of a gene)
(c) आरएनए का एक प्रकार
(d) डीएनए की पूरी श्रृंखला
उत्तर: (b) व्याख्या: एक ही जीन के विभिन्न रूपों को एलील कहा जाता है जो एक ही लक्षण के अलग-अलग रूपों (जैसे लंबा या बौना) को नियंत्रित करते हैं।
Q13. थॉमस हंट मॉर्गन ने आनुवंशिकी के प्रयोगों के लिए किस जीव को चुना था?
(a) घरेलू मक्खी
(b) फल मक्खी (Drosophila melanogaster)
(c) सफेद चूहा
(d) गोलकृमि
उत्तर: (b) व्याख्या: मॉर्गन ने ड्रोसोफिला (Fruit fly) पर काम करके सहलग्नता (Linkage) और लिंग-सहलग्न वंशागति की खोज की थी।
(a) घरेलू मक्खी
(b) फल मक्खी (Drosophila melanogaster)
(c) सफेद चूहा
(d) गोलकृमि
उत्तर: (b) व्याख्या: मॉर्गन ने ड्रोसोफिला (Fruit fly) पर काम करके सहलग्नता (Linkage) और लिंग-सहलग्न वंशागति की खोज की थी।
Q14. निम्नलिखित में से कौन सा रोग एक ऑटोसोमल डोमिनेंट (Autosomal Dominant) विकार है?
(a) हीमोफिलिया
(b) हंटिंगटन रोग (Huntington's Disease)
(c) सिकल सेल एनीमिया
(d) सिस्टिक फाइब्रोसिस
उत्तर: (b) व्याख्या: हंटिंगटन रोग कायिक गुणसूत्रों (Autosomes) पर स्थित प्रभावी जीन के कारण होता है। शेष विकल्प अप्रभावी (Recessive) विकारों के हैं।
(a) हीमोफिलिया
(b) हंटिंगटन रोग (Huntington's Disease)
(c) सिकल सेल एनीमिया
(d) सिस्टिक फाइब्रोसिस
उत्तर: (b) व्याख्या: हंटिंगटन रोग कायिक गुणसूत्रों (Autosomes) पर स्थित प्रभावी जीन के कारण होता है। शेष विकल्प अप्रभावी (Recessive) विकारों के हैं।
Q15. जीन विनिमय (Crossing Over) अर्धसूत्री विभाजन (Meiosis) की किस उप-अवस्था में होता है?
(a) लेप्टोटीन (Leptotene)
(b) जाइगोटीन (Zygotene)
(c) पैकीटीन (Pachytene)
(d) डिप्लोटीन (Diplotene)
उत्तर: (c) व्याख्या: प्रोफेज़-I की पैकीटीन (Pachytene) अवस्था में समजात गुणसूत्रों के बीच आनुवंशिक पदार्थों का आदान-प्रदान होता है, जिससे विविधताओं का जन्म होता है।
(a) लेप्टोटीन (Leptotene)
(b) जाइगोटीन (Zygotene)
(c) पैकीटीन (Pachytene)
(d) डिप्लोटीन (Diplotene)
उत्तर: (c) व्याख्या: प्रोफेज़-I की पैकीटीन (Pachytene) अवस्था में समजात गुणसूत्रों के बीच आनुवंशिक पदार्थों का आदान-प्रदान होता है, जिससे विविधताओं का जन्म होता है।
भाग 2: आणविक आनुवंशिकी, डीएनए और आरएनए (Molecular Genetics, DNA & RNA)
Q16. डीएनए (DNA) की आणविक संरचना के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- जेम्स वॉटसन और फ्रांसिस क्रिक ने 1953 में डीएनए का द्विकुंडलीय मॉडल (Double Helix Model) प्रस्तुत किया था।
- डीएनए की दोनों श्रृंखलाएं एक-दूसरे के समानांतर (Parallel) दिशा में चलती हैं।
- एडिनिन हमेशा थायमीन के साथ दो हाइड्रोजन बंधों द्वारा और साइटोसिन हमेशा ग्वानिन के साथ तीन हाइड्रोजन बंधों द्वारा जुड़ता है।
उपरोक्त कथनों में से कौन से सही हैं?
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1 and 3
(d) 1, 2 और 3
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1 and 3
(d) 1, 2 और 3
उत्तर: (c) केवल 1 और 3
व्याख्या: डीएनए की दोनों श्रृंखलाएं एक-दूसरे के प्रति-समानांतर (Anti-parallel) होती हैं, यानी एक श्रृंखला $5' \rightarrow 3'$ दिशा में तो दूसरी $3' \rightarrow 5'$ दिशा में होती है। इसलिए कथन 2 गलत है।
व्याख्या: डीएनए की दोनों श्रृंखलाएं एक-दूसरे के प्रति-समानांतर (Anti-parallel) होती हैं, यानी एक श्रृंखला $5' \rightarrow 3'$ दिशा में तो दूसरी $3' \rightarrow 5'$ दिशा में होती है। इसलिए कथन 2 गलत है।
Q17. आणविक जीवविज्ञान के 'सेंट्रल डोगमा' (Central Dogma) के अनुसार सूचनाओं का प्रवाह किस प्रकार होता है?
(a) RNA $\rightarrow$ DNA $\rightarrow$ Protein
(b) DNA $\rightarrow$ RNA $\rightarrow$ Protein
(c) Protein $\rightarrow$ RNA $\rightarrow$ DNA
(d) DNA $\rightarrow$ Protein $\rightarrow$ RNA
(b) DNA $\rightarrow$ RNA $\rightarrow$ Protein
(c) Protein $\rightarrow$ RNA $\rightarrow$ DNA
(d) DNA $\rightarrow$ Protein $\rightarrow$ RNA
उत्तर: (b) DNA $\rightarrow$ RNA $\rightarrow$ Protein
व्याख्या: सेंट्रल डोगमा सिद्धांत फ्रांसिस क्रिक द्वारा दिया गया था। इसके तहत डीएनए से आरएनए बनने को अनुलेखन (Transcription) और आरएनए से प्रोटीन बनने को रूपांतरण (Translation) कहते हैं।
व्याख्या: सेंट्रल डोगमा सिद्धांत फ्रांसिस क्रिक द्वारा दिया गया था। इसके तहत डीएनए से आरएनए बनने को अनुलेखन (Transcription) और आरएनए से प्रोटीन बनने को रूपांतरण (Translation) कहते हैं।
Q18. 'रिवर्स ट्रांसक्रिप्शन' (Reverse Transcription) की प्रक्रिया के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- इसमें आरएनए (RNA) को टेम्पलेट के रूप में उपयोग करके डीएनए (DNA) का निर्माण किया जाता है।
- इसकी खोज टेमिन और बाल्टीमोर ने की थी।
- एचआईवी (HIV) और कोविड-19 (SARS-CoV-2) जैसे रेट्रोवायरस इस प्रक्रिया का उपयोग करते हैं।
उपरोक्त में से कौन से कथन सत्य हैं?
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1 और 3
(d) 1, 2 और 3
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1 और 3
(d) 1, 2 और 3
उत्तर: (d) 1, 2 और 3
व्याख्या: रिवर्स ट्रांसक्रिप्शन सेंट्रल डोगमा का अपवाद है। इसमें 'रिवर्स ट्रांसक्रिप्टेज़' एंजाइम की मदद से RNA से DNA (cDNA) बनता है। रेट्रोवायरस अपने आनुवंशिक पदार्थ को होस्ट कोशिका में एकीकृत करने के लिए इसी का उपयोग करते हैं।
व्याख्या: रिवर्स ट्रांसक्रिप्शन सेंट्रल डोगमा का अपवाद है। इसमें 'रिवर्स ट्रांसक्रिप्टेज़' एंजाइम की मदद से RNA से DNA (cDNA) बनता है। रेट्रोवायरस अपने आनुवंशिक पदार्थ को होस्ट कोशिका में एकीकृत करने के लिए इसी का उपयोग करते हैं।
Q19. आरएनए (RNA) और डीएनए (DNA) के बीच रासायनिक अंतर के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- डीएनए में डीऑक्सीराइबोज शर्करा होती है, जबकि आरएनए में राइबोज शर्करा होती है।
- आरएनए में थायमीन (Thymine) नाइट्रोजनस बेस के स्थान पर यूरेसिल (Uracil) पाया जाता है।
- डीएनए की तुलना में आरएनए रासायनिक रूप से अधिक स्थिर (Stable) होता है।
उपरोक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1
(d) 1, 2 और 3
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1
(d) 1, 2 और 3
उत्तर: (a) केवल 1 और 2
व्याख्या: आरएनए में राइबोज शर्करा के 2' कार्बन पर एक अतिरिक्त -OH समूह होता है, जिससे यह बहुत सक्रिय और अस्थिर हो जाता है। डीएनए रासायनिक रूप से अधिक स्थिर और कम प्रतिक्रियाशील होता है, यही कारण है कि यह अधिकांश जीवों का मुख्य आनुवंशिक पदार्थ है। कथन 3 गलत है।
व्याख्या: आरएनए में राइबोज शर्करा के 2' कार्बन पर एक अतिरिक्त -OH समूह होता है, जिससे यह बहुत सक्रिय और अस्थिर हो जाता है। डीएनए रासायनिक रूप से अधिक स्थिर और कम प्रतिक्रियाशील होता है, यही कारण है कि यह अधिकांश जीवों का मुख्य आनुवंशिक पदार्थ है। कथन 3 गलत है।
Q20 से Q30 तक (कथन एवं वैचारिक प्रश्न)
Q20. चारगाफ के नियम (Chargaff's Rule) के अनुसार किसी भी द्विकुंडलीय डीएनए में:
(a) पुरिन की मात्रा पिरिमिडिन से हमेशा दोगुनी होती है।
(b) एडिनिन और थायमीन का अनुपात, ग्वानिन और साइटोसिन के अनुपात के बराबर होता है ($A+T = G+C$)।
(c) एडेनिन की मात्रा हमेशा थायमीन के बराबर ($A=T$) और ग्वानिन की मात्रा साइटोसिन के बराबर ($G=C$) होती है।
(d) यूरेसिल की मात्रा हमेशा थायमीन के बराबर होती है।
उत्तर: (c) व्याख्या: एरविन चारगाफ के अनुसार, पुरीन की कुल मात्रा हमेशा पिरिमिडिन के बराबर होती है ($A+G = T+C$)।
(a) पुरिन की मात्रा पिरिमिडिन से हमेशा दोगुनी होती है।
(b) एडिनिन और थायमीन का अनुपात, ग्वानिन और साइटोसिन के अनुपात के बराबर होता है ($A+T = G+C$)।
(c) एडेनिन की मात्रा हमेशा थायमीन के बराबर ($A=T$) और ग्वानिन की मात्रा साइटोसिन के बराबर ($G=C$) होती है।
(d) यूरेसिल की मात्रा हमेशा थायमीन के बराबर होती है।
उत्तर: (c) व्याख्या: एरविन चारगाफ के अनुसार, पुरीन की कुल मात्रा हमेशा पिरिमिडिन के बराबर होती है ($A+G = T+C$)।
Q21. डीएनए प्रतिकृतिकरण (DNA Replication) की प्रकृति कैसी होती है?
(a) पूरी तरह से संरक्षी (Conservative)
(b) अर्ध-संरक्षी (Semi-conservative)
(c) विखंडित (Dispersive)
(d) अनियंत्रित
उत्तर: (b) व्याख्या: मेसेल्सन और स्टाल के प्रयोगों ने सिद्ध किया कि डीएनए रेप्लिकेशन अर्ध-संरक्षी होता है, जिसमें नए डीएनए अणु में एक श्रृंखला पुरानी (जनक) और एक श्रृंखला नई होती है।
(a) पूरी तरह से संरक्षी (Conservative)
(b) अर्ध-संरक्षी (Semi-conservative)
(c) विखंडित (Dispersive)
(d) अनियंत्रित
उत्तर: (b) व्याख्या: मेसेल्सन और स्टाल के प्रयोगों ने सिद्ध किया कि डीएनए रेप्लिकेशन अर्ध-संरक्षी होता है, जिसमें नए डीएनए अणु में एक श्रृंखला पुरानी (जनक) और एक श्रृंखला नई होती है।
Q22. प्रोकैरियोटिक जीवों में जीन अभिव्यक्ति के नियमन के लिए 'लैक ओपेरॉन' (Lac Operon) मॉडल किसने प्रस्तुत किया था?
(a) जैकब और मोनॉड (Jacob and Monod)
(b) वॉटसन और क्रिक
(c) नरेनबर्ग और मथाई
(d) हरगोविंद खुराना
उत्तर: (a) व्याख्या: 1961 में फ्रांसिस जैकब और जैक मोनॉड ने ई. कोलाई बैक्टीरिया में लैक्टोज चयापचय के नियमन को समझाने के लिए लैक ओपेरॉन मॉडल दिया था।
(a) जैकब और मोनॉड (Jacob and Monod)
(b) वॉटसन और क्रिक
(c) नरेनबर्ग और मथाई
(d) हरगोविंद खुराना
उत्तर: (a) व्याख्या: 1961 में फ्रांसिस जैकब और जैक मोनॉड ने ई. कोलाई बैक्टीरिया में लैक्टोज चयापचय के नियमन को समझाने के लिए लैक ओपेरॉन मॉडल दिया था।
Q23. आनुवंशिक कूट (Genetic Code) की विशेषताओं के संदर्भ में कौन सा कथन असत्य है?
(a) कोडॉन ट्रिप्लेट (त्रिक) होते हैं, यानी तीन नाइट्रोजनस बेस से मिलकर बनते हैं।
(b) यह कूट सार्वभौमिक (Universal) होता है, अर्थात बैक्टीरिया से लेकर मनुष्य तक एक ही कोडॉन एक ही अमीनो अम्ल को कोड करता है।
(c) आनुवंशिक कूट ओवरलैपिंग (Overlapping) होते हैं।
(d) कुल 64 कोडॉन में से 3 कोडॉन 'स्टॉप कोडॉन' (Stop Codons) होते हैं जो किसी भी अमीनो अम्ल को कोड नहीं करते।
(a) कोडॉन ट्रिप्लेट (त्रिक) होते हैं, यानी तीन नाइट्रोजनस बेस से मिलकर बनते हैं।
(b) यह कूट सार्वभौमिक (Universal) होता है, अर्थात बैक्टीरिया से लेकर मनुष्य तक एक ही कोडॉन एक ही अमीनो अम्ल को कोड करता है।
(c) आनुवंशिक कूट ओवरलैपिंग (Overlapping) होते हैं।
(d) कुल 64 कोडॉन में से 3 कोडॉन 'स्टॉप कोडॉन' (Stop Codons) होते हैं जो किसी भी अमीनो अम्ल को कोड नहीं करते।
इस प्रश्न का सही उत्तर (c) आनुवंशिक कूट ओवरलैपिंग (Overlapping) होते हैं है।
स्पष्टीकरण:
असत्य कथन (c): आनुवंशिक कूट नॉन-ओवरलैपिंग (Non-overlapping) होते हैं, यानी एक ही नाइट्रोजनस बेस का उपयोग दो अलग-अलग कोडॉन के लिए नहीं किया जाता है। प्रत्येक कोडॉन स्वतंत्र रूप से तीन क्रमिक न्युक्लियोटाइड का एक समूह होता है।
अन्य कथन (सत्य हैं):
(a) कोडॉन हमेशा तीन बेस का त्रिक (Triplet) होता है।
(b) यह लगभग सार्वभौमिक (Universal) होता है (कुछ अपवादों को छोड़कर जैसे माइटोकॉन्ड्रिया)।
(d) कुल 64 कोडॉन में से 61 अमीनो एसिड को और 3 कोडॉन (UAA, UAG, UGA) स्टॉप कोडॉन के रूप में कार्य करते हैं।
Q24. भारतीय मूल के किस वैज्ञानिक को कृत्रिम जीन संश्लेषण और जेनेटिक कोड की व्याख्या के लिए 1968 में नोबेल पुरस्कार दिया गया था?
(a) सी. वी. रमन
(b) हरगोविंद खुराना
(c) सुब्रमण्यम चंद्रशेखर
(d) वेंकटरामन रामकृष्णन
(a) सी. वी. रमन
(b) हरगोविंद खुराना
(c) सुब्रमण्यम चंद्रशेखर
(d) वेंकटरामन रामकृष्णन
इस प्रश्न का सही उत्तर (b) हरगोविंद खुराना है।
स्पष्टीकरण:
- डॉ. हरगोविंद खुराना को आनुवंशिक कूट (Genetic Code) की व्याख्या और प्रोटीन संश्लेषण में इसकी भूमिका का पता लगाने के लिए तथा कृत्रिम जीन संश्लेषण के क्षेत्र में उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए वर्ष 1968 में चिकित्सा (Medicine) के क्षेत्र में नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उन्हें यह पुरस्कार रॉबर्ट डब्ल्यू. हॉली और मार्शल डब्ल्यू. निरेनबर्ग के साथ संयुक्त रूप से मिला था।
Q25. डीएनए के छोटे टुकड़ों (जैसे ओकाजाकी खंड) को आपस में जोड़ने के लिए किस एंजाइम को 'आणविक गोंद' (Molecular Glue) कहा जाता है?
(a) डीएनए पॉलीमरेज़ (DNA Polymerase)
(b) डीएनए लाइगेज़ (DNA Ligase)
(c) हेलिकेज़ (Helicase)
(d) आरएनए प्राइमेज़
(a) डीएनए पॉलीमरेज़ (DNA Polymerase)
(b) डीएनए लाइगेज़ (DNA Ligase)
(c) हेलिकेज़ (Helicase)
(d) आरएनए प्राइमेज़
इस प्रश्न का सही उत्तर (b) डीएनए लाइगेज़ (DNA Ligase) है।
स्पष्टीकरण:
- डीएनए लाइगेज़ (DNA Ligase): इसे 'आणविक गोंद' (Molecular Glue) कहा जाता है क्योंकि यह डीएनए के खंडों (विशेष रूप से लैगिंग स्ट्रैंड पर बनने वाले ओकाजाकी खंडों) को फॉस्फोडायस्टर बंध (Phosphodiester bond) के माध्यम से आपस में जोड़ने का कार्य करता है।
- अन्य विकल्प:
- (a) डीएनए पॉलीमरेज़: यह नए डीएनए रज्जुकों (strands) के निर्माण और संश्लेषण में मदद करता है।
- (c) हेलिकेज़: यह डीएनए के दोनों कुंडलियों (strands) के बीच के हाइड्रोजन बंधों को तोड़कर उन्हें अलग (अनजिप) करता है।
- (d) आरएनए प्राइमेज़: यह डीएनए संश्लेषण की शुरुआत के लिए आरएनए प्राइमर का निर्माण करता है।
Q26. डीएनए फिंगरप्रिंटिंग (DNA Fingerprinting) तकनीक के विकास का श्रेय किसे दिया जाता है?
(a) सर एलेक जेफ्रीज़ (Alec Jeffreys)
(b) डॉ. लालजी सिंह
(c) केरी मुलिस
(d) इयान विल्मुट
उत्तर: (a) व्याख्या: वैश्विक स्तर पर सर एलेक जेफ्रीज़ ने इसकी खोज की थी। भारत में इस तकनीक को लाने और विकसित करने का श्रेय डॉ. लालजी सिंह को दिया जाता है।
(a) सर एलेक जेफ्रीज़ (Alec Jeffreys)
(b) डॉ. लालजी सिंह
(c) केरी मुलिस
(d) इयान विल्मुट
उत्तर: (a) व्याख्या: वैश्विक स्तर पर सर एलेक जेफ्रीज़ ने इसकी खोज की थी। भारत में इस तकनीक को लाने और विकसित करने का श्रेय डॉ. लालजी सिंह को दिया जाता है।
Q27. डीएनए फिंगरप्रिंटिंग का मुख्य आधार निम्नलिखित में से क्या है?
(a) कोडिंग डीएनए अनुक्रम
(b) वीएनटीआर (VNTR - Variable Number Tandem Repeats) या उपग्रह डीएनए (Satellite DNA)
(c) आरएनए की कुल मात्रा
(d) हीमोग्लोबिन की संरचना
उत्तर: (b) व्याख्या: मानव जीनोम में कुछ गैर-कोडिंग अनुक्रम बार-बार दोहराए जाते हैं, जिन्हें प्रद्रूप बहुरूपता (Polymorphism) या सैटेलाइट डीएनए कहते हैं। यह हर व्यक्ति के लिए विशिष्ट होता है।
(a) कोडिंग डीएनए अनुक्रम
(b) वीएनटीआर (VNTR - Variable Number Tandem Repeats) या उपग्रह डीएनए (Satellite DNA)
(c) आरएनए की कुल मात्रा
(d) हीमोग्लोबिन की संरचना
उत्तर: (b) व्याख्या: मानव जीनोम में कुछ गैर-कोडिंग अनुक्रम बार-बार दोहराए जाते हैं, जिन्हें प्रद्रूप बहुरूपता (Polymorphism) या सैटेलाइट डीएनए कहते हैं। यह हर व्यक्ति के लिए विशिष्ट होता है।
Q28. यूकेरियोटिक कोशिकाओं में डीएनए की पैकेजिंग के लिए जिम्मेदार धनावेशित क्षारीय प्रोटीन को क्या कहते हैं?
(a) हिस्टोन प्रोटीन (Histone Proteins)
(b) नॉन-हिस्टोन प्रोटीन
(c) केराटिन प्रोटीन
(d) कोलाजन प्रोटीन
उत्तर: (a) व्याख्या: डीएनए ऋणावेशित होता है जो धनावेशित हिस्टोन अष्टक (Histone Octamer) के चारों ओर लिपटकर न्यूक्लीओसोम (Nucleosome) बनाता है, जिससे क्रोमेटिन धागे बनते हैं।
(a) हिस्टोन प्रोटीन (Histone Proteins)
(b) नॉन-हिस्टोन प्रोटीन
(c) केराटिन प्रोटीन
(d) कोलाजन प्रोटीन
उत्तर: (a) व्याख्या: डीएनए ऋणावेशित होता है जो धनावेशित हिस्टोन अष्टक (Histone Octamer) के चारों ओर लिपटकर न्यूक्लीओसोम (Nucleosome) बनाता है, जिससे क्रोमेटिन धागे बनते हैं।
Q29. आरएनए स्प्लिसिंग (RNA Splicing) की प्रक्रिया में क्या होता है?
(a) डीएनए से आरएनए का बनना।
(b) प्राथमिक आरएनए ट्रांसक्रिप्ट से गैर-कोडिंग 'इंट्रॉन्स' (Introns) को हटाकर कोडिंग 'एक्सॉन्स' (Exons) को आपस में जोड़ना।
(c) प्रोटीन श्रृंखला को तोड़ना।
(d) आरएनए को नष्ट करना।
उत्तर: (b) व्याख्या: यूकेरियोट्स में बनने वाला शुरुआती एचएन-आरएनए (hnRNA) गैर-कार्यात्मक होता है। स्प्लिसिंग के माध्यम से अवांछित हिस्सों (इंट्रॉन्स) को हटाकर परिपक्व एम-आरएनए (mRNA) बनाया जाता है।
(a) डीएनए से आरएनए का बनना।
(b) प्राथमिक आरएनए ट्रांसक्रिप्ट से गैर-कोडिंग 'इंट्रॉन्स' (Introns) को हटाकर कोडिंग 'एक्सॉन्स' (Exons) को आपस में जोड़ना।
(c) प्रोटीन श्रृंखला को तोड़ना।
(d) आरएनए को नष्ट करना।
उत्तर: (b) व्याख्या: यूकेरियोट्स में बनने वाला शुरुआती एचएन-आरएनए (hnRNA) गैर-कार्यात्मक होता है। स्प्लिसिंग के माध्यम से अवांछित हिस्सों (इंट्रॉन्स) को हटाकर परिपक्व एम-आरएनए (mRNA) बनाया जाता है।
Q30. निम्नलिखित में से कौन सा कोडॉन प्रोटीन संश्लेषण की प्रक्रिया को शुरू करने के लिए 'शुरुआती कोडॉन' (Start Codon) के रूप में कार्य करता है और साथ ही मिथायोनिन अमीनो अम्ल को कोड करता है?
(a) UGA
(b) UAA
(c) UAG
(d) AUG
उत्तर: (d) व्याख्या: AUG सार्वभौमिक प्रारंभिक कोडॉन है। शेष तीन (UAA, UAG, UGA) स्टॉप या नॉनसेंस कोडॉन कहलाते हैं।
(a) UGA
(b) UAA
(c) UAG
(d) AUG
उत्तर: (d) व्याख्या: AUG सार्वभौमिक प्रारंभिक कोडॉन है। शेष तीन (UAA, UAG, UGA) स्टॉप या नॉनसेंस कोडॉन कहलाते हैं।
भाग 3: मानव आनुवंशिक विकार, उत्परिवर्तन और उन्नत जैव प्रौद्योगिकी (Human Genetic Disorders, Mutations & Advanced Biotech)
Q31. मानव में लिंग निर्धारण (Sex Determination) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- मनुष्यों में लिंग का निर्धारण पूरी तरह से माता से विरासत में मिले गुणसूत्रों पर निर्भर करता है।
- पुरुषों में एक X और एक Y गुणसूत्र (XY) होता है, जबकि महिलाओं में दो X गुणसूत्र (XX) होते हैं।
- Y गुणसूत्र पर स्थित 'SRY जीन' पुरुष लिंग लक्षणों के विकास के लिए मुख्य रूप से जिम्मेदार है।
उपरोक्त कथनों में से कौन से सही हैं?
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 tobacco 3
(c) केवल 2 और 3
(d) 1, 2 और 3
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 tobacco 3
(c) केवल 2 और 3
(d) 1, 2 और 3
उत्तर: (c) केवल 2 और 3
व्याख्या: मनुष्यों में लिंग का निर्धारण पिता के शुक्राणु (Sperm) द्वारा होता है, क्योंकि पुरुष विषमयुग्मजी (Heterametic - X या Y) होते हैं। यदि शुक्राणु X गुणसूत्र लाता है तो लड़की और यदि Y लाता है तो लड़का पैदा होता है। इसलिए कथन 1 गलत है।
व्याख्या: मनुष्यों में लिंग का निर्धारण पिता के शुक्राणु (Sperm) द्वारा होता है, क्योंकि पुरुष विषमयुग्मजी (Heterametic - X या Y) होते हैं। यदि शुक्राणु X गुणसूत्र लाता है तो लड़की और यदि Y लाता है तो लड़का पैदा होता है। इसलिए कथन 1 गलत है।
Q32. आनुवंशिक रोग 'हीमोफिलिया' (Hemophilia) के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- यह एक एक्स-लिंक्ड अप्रभावी (X-linked Recessive) विकार है।
- इस रोग से पीड़ित व्यक्ति में चोट लगने पर रक्त का थक्का (Clot) आसानी से नहीं बनता है।
- यह रोग महिलाओं में पुरुषों की तुलना में बहुत अधिक आम है।
उपरोक्त में से कौन से कथन सही हैं?
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1 और 3
(d) 1, 2 और 3
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1 और 3
(d) 1, 2 और 3
उत्तर: (a) केवल 1 और 2
व्याख्या: हीमोफिलिया एक एक्स-लिंक्ड अप्रभावी रोग है, इसलिए यह पुरुषों में अधिक पाया जाता है क्योंकि उनके पास केवल एक ही X गुणसूत्र होता है। महिलाएं आमतौर पर इसकी वाहक (Carrier) होती हैं और वे तभी पीड़ित होती हैं जब उनके दोनों X गुणसूत्र प्रभावित हों (जो कि अत्यंत दुर्लभ है)। इसलिए कथन 3 गलत है।
व्याख्या: हीमोफिलिया एक एक्स-लिंक्ड अप्रभावी रोग है, इसलिए यह पुरुषों में अधिक पाया जाता है क्योंकि उनके पास केवल एक ही X गुणसूत्र होता है। महिलाएं आमतौर पर इसकी वाहक (Carrier) होती हैं और वे तभी पीड़ित होती हैं जब उनके दोनों X गुणसूत्र प्रभावित हों (जो कि अत्यंत दुर्लभ है)। इसलिए कथन 3 गलत है।
Q33 से Q50 तक (उच्च स्तरीय एवं समसामयिक प्रश्न)
Q33. डाउन सिंड्रोम (Down's Syndrome) नामक आनुवंशिक विकार का मुख्य कारण क्या है?
(a) 21वें गुणसूत्र की ट्राइसोमी (Trisomy of Chromosome 21)
(b) लिंग गुणसूत्रों की कमी
(c) 18वें गुणसूत्र का विलोपन
(d) एक्स गुणसूत्र की अधिकता
उत्तर: (a) व्याख्या: डाउन सिंड्रोम में 21वें ऑटोसोम गुणसूत्र की एक अतिरिक्त प्रतिलिपि आ जाती है, जिससे शरीर में कुल 47 गुणसूत्र हो जाते हैं। इसे 'मंगोलिज़्म' भी कहा जाता है।
(a) 21वें गुणसूत्र की ट्राइसोमी (Trisomy of Chromosome 21)
(b) लिंग गुणसूत्रों की कमी
(c) 18वें गुणसूत्र का विलोपन
(d) एक्स गुणसूत्र की अधिकता
उत्तर: (a) व्याख्या: डाउन सिंड्रोम में 21वें ऑटोसोम गुणसूत्र की एक अतिरिक्त प्रतिलिपि आ जाती है, जिससे शरीर में कुल 47 गुणसूत्र हो जाते हैं। इसे 'मंगोलिज़्म' भी कहा जाता है।
Q34. क्लाइनफेल्टर सिंड्रोम (Klinefelter's Syndrome) से पीड़ित व्यक्ति का गुणसूत्र विन्यास और लक्षण क्या होते हैं?
(a) 45, XO; बांझ महिला
(b) 47, XXY; अल्पविकसित वृषण वाला पुरुष जिसमें स्त्री जैसे लक्षण (Gynecomastia) दिखने लगते हैं
(c) 47, XYY; अत्यधिक आक्रामक पुरुष
(d) 46, XX; सामान्य महिला
उत्तर: (b) व्याख्या: यह लिंग गुणसूत्रों की ट्राइसोमी के कारण होता है, जहां एक पुरुष में एक अतिरिक्त X गुणसूत्र आ जाता है।
(a) 45, XO; बांझ महिला
(b) 47, XXY; अल्पविकसित वृषण वाला पुरुष जिसमें स्त्री जैसे लक्षण (Gynecomastia) दिखने लगते हैं
(c) 47, XYY; अत्यधिक आक्रामक पुरुष
(d) 46, XX; सामान्य महिला
उत्तर: (b) व्याख्या: यह लिंग गुणसूत्रों की ट्राइसोमी के कारण होता है, जहां एक पुरुष में एक अतिरिक्त X गुणसूत्र आ जाता है।
Q35. टर्नर सिंड्रोम (Turner's Syndrome) के संबंध में कौन सा कथन सत्य है?
(a) यह पुरुषों में होता है।
(b) इसमें गुणसूत्रों की संख्या 47 हो जाती है।
(c) यह एक X गुणसूत्र के अभाव (45, XO) के कारण होता है और इससे प्रभावित महिलाएं बांझ (Sterile) होती हैं।
(d) यह मानसिक मंदता का कारण नहीं बनता।
उत्तर: (c) व्याख्या: टर्नर सिंड्रोम मोनोसोमी का उदाहरण है, जहां महिला में केवल एक X गुणसूत्र कार्यशील होता है।
(a) यह पुरुषों में होता है।
(b) इसमें गुणसूत्रों की संख्या 47 हो जाती है।
(c) यह एक X गुणसूत्र के अभाव (45, XO) के कारण होता है और इससे प्रभावित महिलाएं बांझ (Sterile) होती हैं।
(d) यह मानसिक मंदता का कारण नहीं बनता।
उत्तर: (c) व्याख्या: टर्नर सिंड्रोम मोनोसोमी का उदाहरण है, जहां महिला में केवल एक X गुणसूत्र कार्यशील होता है।
Q36. 'सिकल सेल एनीमिया' (Sickle Cell Anemia) रोग के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
- यह हीमोग्लोबिन की बीटा-ग्लोबिन श्रृंखला में बिंदु उत्परिवर्तन (Point Mutation) के कारण होता है।
- इसमें छठे स्थान पर ग्लूटामिक अम्ल का स्थान वैलीन (Valine) ले लेता है।
- इस रोग के वाहक व्यक्तियों को मलेरिया संक्रमण के प्रति प्राकृतिक सुरक्षा प्राप्त होती है।
सही कूट चुनें:
(a) केवल 1
(b) केवल 1 और 2
(c) 1, 2 और 3
(d) केवल 3
उत्तर: (c) व्याख्या: तीनों कथन सही हैं। विषमयुग्मजी (Carrier) व्यक्तियों की लाल रक्त कोशिकाएं पूर्णतः हंसियाकार नहीं होतीं, जिससे मलेरिया का परजीवी (Plasmodium) उनमें जीवित नहीं रह पाता। यह प्राकृतिक चयन का बेहतरीन उदाहरण है।
Q37. विज्ञान और प्रौद्योगिकी में अक्सर चर्चा में रहने वाली 'CRISPR-Cas9' तकनीक क्या है?
(a) एक उन्नत मिसाइल रक्षा प्रणाली।
(b) एक आणविक कैंची जो विशिष्ट डीएनए अनुक्रमों को काटने और संपादित (Gene Editing) करने की अनुमति देती है।
(c) कैंसर का पता लगाने के लिए एक नया इमेजिंग टूल।
(d) एक नया जल शोधन तंत्र।
उत्तर: (b) व्याख्या: CRISPR-Cas9 एक अत्यंत सटीक जीन-एडिटिंग तकनीक है। Cas9 एक एंजाइम है जो आणविक कैंची की तरह काम करता है, और CRISPR गाइड आरएनए की तरह काम करता है।
(a) एक उन्नत मिसाइल रक्षा प्रणाली।
(b) एक आणविक कैंची जो विशिष्ट डीएनए अनुक्रमों को काटने और संपादित (Gene Editing) करने की अनुमति देती है।
(c) कैंसर का पता लगाने के लिए एक नया इमेजिंग टूल।
(d) एक नया जल शोधन तंत्र।
उत्तर: (b) व्याख्या: CRISPR-Cas9 एक अत्यंत सटीक जीन-एडिटिंग तकनीक है। Cas9 एक एंजाइम है जो आणविक कैंची की तरह काम करता है, और CRISPR गाइड आरएनए की तरह काम करता है।
Q38. जीन थेरेपी (Gene Therapy) का सर्वप्रथम सफल नैदानिक प्रयोग 1990 में एक चार वर्षीय बच्ची पर किस बीमारी के इलाज के लिए किया गया था?
(a) एड्स (AIDS)
(b) एडेनोसिन डीएमीनेज (ADA) की कमी से होने वाला SCID रोग
(c) सिस्टिक फाइब्रोसिस
(d) थैलेसीमिया
उत्तर: (b) व्याख्या: एडेनोसिन डीएमीनेज (ADA) एंजाइम की कमी से प्रतिरक्षा प्रणाली पूरी तरह ठप हो जाती है (Severe Combined Immunodeficiency)। जीन थेरेपी द्वारा स्वस्थ एडीए जीन को मरीज की कोशिकाओं में डाला गया था।
(a) एड्स (AIDS)
(b) एडेनोसिन डीएमीनेज (ADA) की कमी से होने वाला SCID रोग
(c) सिस्टिक फाइब्रोसिस
(d) थैलेसीमिया
उत्तर: (b) व्याख्या: एडेनोसिन डीएमीनेज (ADA) एंजाइम की कमी से प्रतिरक्षा प्रणाली पूरी तरह ठप हो जाती है (Severe Combined Immunodeficiency)। जीन थेरेपी द्वारा स्वस्थ एडीए जीन को मरीज की कोशिकाओं में डाला गया था।
Q39. निम्नलिखित में से कौन सा रोग एक 'मातृवंशीय' (Mitochondrial / Maternal Inheritance) विकार है, जो केवल माता से बच्चों में जाता है पिता से नहीं?
(a) वर्णांधता (Color Blindness)
(b) लेबर की वंशानुगत ऑप्टिक न्यूरोपैथी (LHON)
(c) अल्जाइमर रोग
(d) फेनिलकीटोनुरिया
उत्तर: (b) व्याख्या: मानव में निषेचन के समय अंडाणु (Egg) से ही सारा साइटोप्लाज्म और माइटोकॉन्ड्रिया भ्रूण को मिलता है। अतः माइटोकॉन्ड्रियल डीएनए में खराबी से होने वाले रोग केवल माता से ही संतान में संचरित होते हैं।
(a) वर्णांधता (Color Blindness)
(b) लेबर की वंशानुगत ऑप्टिक न्यूरोपैथी (LHON)
(c) अल्जाइमर रोग
(d) फेनिलकीटोनुरिया
उत्तर: (b) व्याख्या: मानव में निषेचन के समय अंडाणु (Egg) से ही सारा साइटोप्लाज्म और माइटोकॉन्ड्रिया भ्रूण को मिलता है। अतः माइटोकॉन्ड्रियल डीएनए में खराबी से होने वाले रोग केवल माता से ही संतान में संचरित होते हैं।
Q40. 'थ्री-पेरेंट बेबी' (Three-Parent Baby) या माइटोकॉन्ड्रियल रिप्लेसमेंट थेरेपी (MRT) का मुख्य उद्देश्य क्या है?
(a) बच्चे को अधिक बुद्धिमान बनाना।
(b) माता के दोषपूर्ण माइटोकॉन्ड्रिया के कारण होने वाले आनुवंशिक रोगों को बच्चे में ट्रांसफर होने से रोकना।
(c) बच्चे की आंखों का रंग बदलना।
(d) क्लोनिंग को बढ़ावा देना।
उत्तर: (b) व्याख्या: इसमें माता के अंडे से केंद्रक निकालकर एक स्वस्थ महिला दाता के अंडे (जिसका केंद्रक हटा दिया गया हो) में डाला जाता है, जिससे होने वाले बच्चे में तीन लोगों (माता, पिता और महिला डोनर) का आनुवंशिक पदार्थ होता है।
(a) बच्चे को अधिक बुद्धिमान बनाना।
(b) माता के दोषपूर्ण माइटोकॉन्ड्रिया के कारण होने वाले आनुवंशिक रोगों को बच्चे में ट्रांसफर होने से रोकना।
(c) बच्चे की आंखों का रंग बदलना।
(d) क्लोनिंग को बढ़ावा देना।
उत्तर: (b) व्याख्या: इसमें माता के अंडे से केंद्रक निकालकर एक स्वस्थ महिला दाता के अंडे (जिसका केंद्रक हटा दिया गया हो) में डाला जाता है, जिससे होने वाले बच्चे में तीन लोगों (माता, पिता और महिला डोनर) का आनुवंशिक पदार्थ होता है।
Q41. 'वर्णांधता' (Color Blindness) से पीड़ित व्यक्ति किन रंगों में अंतर स्पष्ट नहीं कर पाता है?
(a) काले और सफेद में
(b) लाल और हरे में
(c) नीले और पीले में
(d) किसी भी रंग में नहीं
(a) काले और सफेद में
(b) लाल और हरे में
(c) नीले और पीले में
(d) किसी भी रंग में नहीं
इस प्रश्न का सही उत्तर (b) लाल और हरे में है।
स्पष्टीकरण:
- वर्णांधता (Color Blindness) मुख्य रूप से एक आनुवंशिक दृष्टि दोष है, जिससे पीड़ित व्यक्ति मुख्य रूप से लाल और हरे रंग (Red-Green Color Blindness) के बीच अंतर नहीं कर पाता है।
- यह स्थिति रेटिना में मौजूद शकुन कोशिकाओं (Cone cells) में विशिष्ट वर्णकों की कमी के कारण होती है।
Q42. 'फ्रेमशिफ्ट म्यूटेशन' (Frameshift Mutation) कब होता है?
(a) जब डीएनए अनुक्रम में एक नाइट्रोजनस बेस दूसरे से बदल जाता है।
(b) जब डीएनए श्रृंखला में एक या दो नाइट्रोजनस बेस जुड़ जाते हैं (Insertion) या गायब हो जाते हैं (Deletion)।
(c) जब गुणसूत्र का पूरा हिस्सा टूट जाता है।
(d) जब तापमान बढ़ता है।
उत्तर: (b) व्याख्या: एक या दो बेस के हटने या जुड़ने से उसके बाद के पूरे जेनेटिक कोड को पढ़ने का फ्रेम (Reading Frame) बदल जाता है, जिससे पूरी तरह से भिन्न और गैर-कार्यात्मक प्रोटीन बनता है।
(a) जब डीएनए अनुक्रम में एक नाइट्रोजनस बेस दूसरे से बदल जाता है।
(b) जब डीएनए श्रृंखला में एक या दो नाइट्रोजनस बेस जुड़ जाते हैं (Insertion) या गायब हो जाते हैं (Deletion)।
(c) जब गुणसूत्र का पूरा हिस्सा टूट जाता है।
(d) जब तापमान बढ़ता है।
उत्तर: (b) व्याख्या: एक या दो बेस के हटने या जुड़ने से उसके बाद के पूरे जेनेटिक कोड को पढ़ने का फ्रेम (Reading Frame) बदल जाता है, जिससे पूरी तरह से भिन्न और गैर-कार्यात्मक प्रोटीन बनता है।
Q43. डॉली (Dolly) भेड़, जो दुनिया का पहला स्तनधारी क्लोन थी, को किस तकनीक द्वारा तैयार किया गया था?
(a) इन विट्रो फर्टिलाइजेशन (IVF)
(b) सोमैटिक सेल न्यूक्लियर ट्रांसफर (SCNT - Somatic Cell Nuclear Transfer)
(c) जीन गन विधि
(d) डीएनए रीकॉम्बिनेशन तकनीक
उत्तर: (b) व्याख्या: विल्मुट और उनके सहयोगियों ने एक वयस्क भेड़ की अयन कोशिका (Somatic cell) के केंद्रक को दूसरी भेड़ के केंद्रक-रहित अंडाणु में स्थानांतरित करके डॉली क्लोन बनाया था।
(a) इन विट्रो फर्टिलाइजेशन (IVF)
(b) सोमैटिक सेल न्यूक्लियर ट्रांसफर (SCNT - Somatic Cell Nuclear Transfer)
(c) जीन गन विधि
(d) डीएनए रीकॉम्बिनेशन तकनीक
उत्तर: (b) व्याख्या: विल्मुट और उनके सहयोगियों ने एक वयस्क भेड़ की अयन कोशिका (Somatic cell) के केंद्रक को दूसरी भेड़ के केंद्रक-रहित अंडाणु में स्थानांतरित करके डॉली क्लोन बनाया था।
Q44. 'थैलेसीमिया' (Thalassemia) रोग के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सही है?
(a) यह एक संक्रामक बीमारी है जो दूषित पानी से फैलती है।
(b) यह एक ऑटोसोमल अप्रभावी आनुवंशिक विकार है जिसमें हीमोग्लोबिन श्रृंखला का संश्लेषण कम या बंद हो जाता है।
(c) इसमें केवल श्वेत रक्त कण प्रभावित होते हैं।
(d) यह शरीर में आयोडीन की कमी से होता है।
उत्तर: (b) व्याख्या: थैलेसीमिया एक आनुवंशिक रक्त विकार है जिसके कारण शरीर में हीमोग्लोबिन की अल्फा या बीटा श्रृंखलाएं पर्याप्त मात्रा में नहीं बन पातीं, जिससे गंभीर रक्ताल्पता होती है और बार-बार ब्लड चढ़ाना पड़ता है।
(a) यह एक संक्रामक बीमारी है जो दूषित पानी से फैलती है।
(b) यह एक ऑटोसोमल अप्रभावी आनुवंशिक विकार है जिसमें हीमोग्लोबिन श्रृंखला का संश्लेषण कम या बंद हो जाता है।
(c) इसमें केवल श्वेत रक्त कण प्रभावित होते हैं।
(d) यह शरीर में आयोडीन की कमी से होता है।
उत्तर: (b) व्याख्या: थैलेसीमिया एक आनुवंशिक रक्त विकार है जिसके कारण शरीर में हीमोग्लोबिन की अल्फा या बीटा श्रृंखलाएं पर्याप्त मात्रा में नहीं बन पातीं, जिससे गंभीर रक्ताल्पता होती है और बार-बार ब्लड चढ़ाना पड़ता है।
Q45. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
कथन (A): जीन थेरेपी में जर्मलाइन संपादन (Germline Editing) को वैश्विक स्तर पर अत्यधिक विनियमित और प्रतिबंधित किया गया है।
कारण (R): जर्मलाइन एडिटिंग से होने वाले आनुवंशिक परिवर्तन आने वाली पीढ़ियों में स्थानांतरित हो सकते हैं, जिससे अपरिवर्तनीय प्रभाव हो सकते हैं।
सही विकल्प चुनिए:
(a) (A) और (R) दोनों सही हैं और (R), (A) की सही व्याख्या है।
(b) (A) और (R) दोनों सही हैं लेकिन (R), (A) की सही व्याख्या नहीं है।
(c) (A) सही है परंतु (R) गलत है।
(d) (A) गलत है परंतु (R) सही है।
उत्तर: (a) व्याख्या: दैहिक कोशिका संपादन (Somatic cell editing) केवल उसी व्यक्ति तक सीमित रहता है, लेकिन शुक्राणु, अंडाणु या भ्रूण (Germline) में किया गया संपादन स्थायी रूप से वंशानुगत हो जाता है, जो नैतिक और सुरक्षा की दृष्टि से बेहद संवेदनशील है।
कथन (A): जीन थेरेपी में जर्मलाइन संपादन (Germline Editing) को वैश्विक स्तर पर अत्यधिक विनियमित और प्रतिबंधित किया गया है।
कारण (R): जर्मलाइन एडिटिंग से होने वाले आनुवंशिक परिवर्तन आने वाली पीढ़ियों में स्थानांतरित हो सकते हैं, जिससे अपरिवर्तनीय प्रभाव हो सकते हैं।
सही विकल्प चुनिए:
(a) (A) और (R) दोनों सही हैं और (R), (A) की सही व्याख्या है।
(b) (A) और (R) दोनों सही हैं लेकिन (R), (A) की सही व्याख्या नहीं है।
(c) (A) सही है परंतु (R) गलत है।
(d) (A) गलत है परंतु (R) सही है।
उत्तर: (a) व्याख्या: दैहिक कोशिका संपादन (Somatic cell editing) केवल उसी व्यक्ति तक सीमित रहता है, लेकिन शुक्राणु, अंडाणु या भ्रूण (Germline) में किया गया संपादन स्थायी रूप से वंशानुगत हो जाता है, जो नैतिक और सुरक्षा की दृष्टि से बेहद संवेदनशील है।
Q46. 'फेनिलकीटोनुरिया' (Phenylketonuria - PKU) रोग से पीड़ित बच्चे में किस एंजाइम की कमी होती है, जिसके कारण मानसिक मंदता आ सकती है?
(a) इंसुलिन
(b) फेनिलएलानिन हाइड्रोक्सीलेज (Phenylalanine Hydroxylase)
(c) डीएनए पॉलीमरेज़
(d) पेप्सिन
उत्तर: (b) व्याख्या: इस एंजाइम की कमी से शरीर में 'फेनिलएलानिन' नामक अमीनो अम्ल का चयापचय नहीं हो पाता और वह मस्तिष्क में जमा होने लगता है, जिससे मानसिक विकलांगता आती है।
(a) इंसुलिन
(b) फेनिलएलानिन हाइड्रोक्सीलेज (Phenylalanine Hydroxylase)
(c) डीएनए पॉलीमरेज़
(d) पेप्सिन
उत्तर: (b) व्याख्या: इस एंजाइम की कमी से शरीर में 'फेनिलएलानिन' नामक अमीनो अम्ल का चयापचय नहीं हो पाता और वह मस्तिष्क में जमा होने लगता है, जिससे मानसिक विकलांगता आती है।
Q47. जैव प्रौद्योगिकी में प्रयुक्त 'आणविक कैंची' (Molecular Scissors) किसे कहा जाता है?
(a) रेस्ट्रिक्शन एंडोन्यूक्लिएज (Restriction Endonucleases)
(b) डीएनए लाइगेज
(c) पॉलीमरेज एंजाइम
(d) आरएनए प्राइमर
उत्तर: (a) व्याख्या: रेस्ट्रिक्शन एंजाइम डीएनए को विशिष्ट स्थानों (Palindromic sequences) पर काटने की क्षमता रखते हैं, जो जेनेटिक इंजीनियरिंग का मुख्य आधार हैं।
(a) रेस्ट्रिक्शन एंडोन्यूक्लिएज (Restriction Endonucleases)
(b) डीएनए लाइगेज
(c) पॉलीमरेज एंजाइम
(d) आरएनए प्राइमर
उत्तर: (a) व्याख्या: रेस्ट्रिक्शन एंजाइम डीएनए को विशिष्ट स्थानों (Palindromic sequences) पर काटने की क्षमता रखते हैं, जो जेनेटिक इंजीनियरिंग का मुख्य आधार हैं।
Q48. 'एन्यूप्लोइडी' (Aneuploidy / असुगुणिता) का क्या अर्थ है?
(a) गुणसूत्रों के पूरे सेट का दोगुना हो जाना।
(b) कोशिका विभाजन के समय क्रोमेटिड्स के अलग न हो पाने के कारण किसी एक गुणसूत्र की कमी या अधिकता होना।
(c) डीएनए का नष्ट होना।
(d) कैंसर कोशिकाओं का फैलना।
उत्तर: (b) व्याख्या: जब कोशिका विभाजन में गड़बड़ी से एक गुणसूत्र बढ़ जाता है (ट्राइसोमी - जैसे डाउन सिंड्रोम) या घट जाता है (मोनोसोमी - जैसे टर्नर सिंड्रोम), तो उसे एन्यूप्लोइडी कहते हैं।
(a) गुणसूत्रों के पूरे सेट का दोगुना हो जाना।
(b) कोशिका विभाजन के समय क्रोमेटिड्स के अलग न हो पाने के कारण किसी एक गुणसूत्र की कमी या अधिकता होना।
(c) डीएनए का नष्ट होना।
(d) कैंसर कोशिकाओं का फैलना।
उत्तर: (b) व्याख्या: जब कोशिका विभाजन में गड़बड़ी से एक गुणसूत्र बढ़ जाता है (ट्राइसोमी - जैसे डाउन सिंड्रोम) या घट जाता है (मोनोसोमी - जैसे टर्नर सिंड्रोम), तो उसे एन्यूप्लोइडी कहते हैं।
Q49. 'जीनोम सीक्वेंसिंग' (Genome Sequencing) का प्राथमिक लाभ क्या है?
(a) मानव शरीर में रक्त की मात्रा बढ़ाना।
(b) किसी जीव के संपूर्ण डीएनए अनुक्रम का पता लगाना जिससे आनुवंशिक बीमारियों और व्यक्तिगत चिकित्सा (Personalized Medicine) में मदद मिल सके।
(c) केवल पौधों की लंबाई बढ़ाना।
(d) एंटीबायोटिक दवाओं की शक्ति को दोगुना करना।
उत्तर: (b) व्याख्या: जीनोम सीक्वेंसिंग से पूरे डीएनए ब्लूप्रिंट का पता चलता है, जो कैंसर, दुर्लभ आनुवंशिक रोगों के निदान और दवाओं के सटीक प्रभाव को समझने में क्रांतिकारी है।
(a) मानव शरीर में रक्त की मात्रा बढ़ाना।
(b) किसी जीव के संपूर्ण डीएनए अनुक्रम का पता लगाना जिससे आनुवंशिक बीमारियों और व्यक्तिगत चिकित्सा (Personalized Medicine) में मदद मिल सके।
(c) केवल पौधों की लंबाई बढ़ाना।
(d) एंटीबायोटिक दवाओं की शक्ति को दोगुना करना।
उत्तर: (b) व्याख्या: जीनोम सीक्वेंसिंग से पूरे डीएनए ब्लूप्रिंट का पता चलता है, जो कैंसर, दुर्लभ आनुवंशिक रोगों के निदान और दवाओं के सटीक प्रभाव को समझने में क्रांतिकारी है।
Q50. हाल ही में समाचारों में रहा 'प्रोजेक्ट जीनोम इंडिया' (Genome India Project) किस मंत्रालय/विभाग की एक पहल है?
(a) स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय
(b) जैव प्रौद्योगिकी विभाग (DBT), विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय
(c) पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय
(d) नीति आयोग
उत्तर: (b) व्याख्या: भारत सरकार के जैव प्रौद्योगिकी विभाग (DBT) ने भारतीय जनसंख्या की आनुवंशिक विविधता को समझने और एक ग्रिड तैयार करने के लिए 'जीनोम इंडिया प्रोजेक्ट' शुरू किया है, जिसके तहत हजारों भारतीयों के जीनोम को सीक्वेंस किया जा रहा है।
(a) स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय
(b) जैव प्रौद्योगिकी विभाग (DBT), विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय
(c) पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय
(d) नीति आयोग
उत्तर: (b) व्याख्या: भारत सरकार के जैव प्रौद्योगिकी विभाग (DBT) ने भारतीय जनसंख्या की आनुवंशिक विविधता को समझने और एक ग्रिड तैयार करने के लिए 'जीनोम इंडिया प्रोजेक्ट' शुरू किया है, जिसके तहत हजारों भारतीयों के जीनोम को सीक्वेंस किया जा रहा है।