बल (Force)

 

बल (Force)

वह कारक जो किसी वस्तु की अवस्था एवं आकृति में परिवर्तन कर सकता है, बल कहलाता है। यह दो प्रकार का होता है:

1. सम्पर्क बल

2. असम्पर्क बल

• पेशीय बल

• घर्षण बल

• उत्प्लावन बल

• ससंजक बल

• आसंजक बल

• गुरुत्वाकर्षण बल

• चुम्बकीय बल

• वैद्युत बल

• अपकेन्द्रीय बल

• अभिकेन्द्रीय बल

गुरुत्वाकर्षण बल का सार्वत्रिक नियम

  • ब्रह्माण्ड के कोई दो पिण्ड जिनमें द्रव्यमान होता है वे एक दूसरे को अपनी ओर समान आकर्षण बल से आकर्षित करते हैं, जिसे गुरुत्वाकर्षण कहते हैं।
  • उदाहरण:

1.       पृथ्वी के चारो ओर चन्द्रमा का चक्कर लगाना।

2.       सूर्य के चारो ओर ग्रहों का चक्कर लगाना।

  • सूत्र: यदि  व  द्रव्यमान के दो पिण्ड  व  हैं, तो इनके बीच की दूरी  के साथ:

 

जहाँ  गुरुत्वीय स्थिरांक (नियतांक) है।

  • मात्रक:   मात्रक: ।
  •  का मान: ।

गुरुत्वीय त्वरण () का मान:

  • गति के द्वितीय नियम से:   
  • गुरुत्वाकर्षण बल से:
  • दोनों को तुलना करने पर:
  • महत्वपूर्ण बिंदु:

o       चन्द्रमा पर  का मान पृथ्वी की तुलना में 6 गुना कम यानी  होता है।

o    यदि पृथ्वी पर व्यक्ति का भार 60 N है तो चन्द्रमा पर उस व्यक्ति का भार 10 N होगा।

o       पृथ्वी की त्रिज्या भू-मध्य रेखा पर अधिक और ध्रुवों पर कम होती है, इसलिए  का मान ध्रुवों पर अधिक तथा भू-मध्य रेखा पर कम होता है।

o       पृथ्वी पर  का मान  होता है।

o   पृथ्वी के पलायन वेग का मान  होता है।

घर्षण बल (Frictional Forces)

सम्पर्क में रखी दो वस्तुओं के मध्य लगने वाला वह बल जो उनकी गति का विरोध करता है। यह तीन प्रकार का होता है:

  1. स्थैतिक घर्षण बल (Static Force of Friction): वस्तु के स्थान से न खिसकने पर सतहों के मध्य लगने वाला बल।
  2. सर्पी घर्षण बल (Sliding Force of Friction): वस्तु के सतह पर सरकने पर लगने वाला बल।
  3. लोटनिक घर्षण बल (Rolling Force of Friction): वस्तु के सतह पर लुढ़कने पर लगने वाला बल।
  • नोट: घर्षण बल क्षेत्रफल पर निर्भर नहीं करता, यह केवल सतहों की प्रकृति पर निर्भर करता है। लोटनिक घर्षण सबसे कम और स्थैतिक घर्षण सबसे अधिक होता है। घर्षण कम करने के लिए मशीनों में स्नेहक व बॉल बियरिंग लगाए जाते हैं।

अपकेन्द्री एवं अभिकेन्द्री बल

  • अपकेन्द्री बल (Centrifugal Force): वृत्ताकार पथ में घूमती हुई वस्तु पर केन्द्र से बाहर की ओर लगने वाला बल (उदा: क्रीम निकालने की मशीन, ड्राइ क्लीनर)।
  • अभिकेन्द्री बल (Centripetal Force): वृत्ताकार पथ में घूमती हुई वस्तु पर केन्द्र की ओर लगने वाला बल (उदा: सूर्य के चारों ओर ग्रहों की गति, इलेक्ट्रॉन का नाभिक के चारों ओर चक्कर लगाना, मौत के कुएँ में मोटर साईकिल चलाना)।

ससंजक बल (Cohesive Force) एवं आसंजक बल (Adhesive Force) 

  • ससंजक बल: एक ही पदार्थ के अणुओं के मध्य लगने वाला बल।
  • आसंजक बल: दो भिन्न-भिन्न पदार्थों के अणुओं के मध्य लगने वाला बल।

उत्प्लावन बल एवं आर्किमीडीज का सिद्धान्त

  • उत्प्लावन बल: द्रव द्वारा छोड़ी गई वस्तु पर ऊपर की ओर लगने वाला बल।
    • वस्तु का भार > उत्प्लावन बल  वस्तु डूब जाएगी।
    • वस्तु का भार < उत्प्लावन बल  वस्तु आंशिक रूप से तैरती रहेगी।
    • वस्तु का भार = उत्प्लावन बल  वस्तु पूरी डूबकर तैरती रहेगी।
    • वस्तु का घनत्व < जल का घनत्व  वस्तु तैरेगी (इसके विपरीत डूब जाएगी)।
  • आर्किमीडीज का सिद्धान्त: किसी वस्तु को तरल में पूर्ण या आंशिक रूप से डुबोने पर वह ऊपर की दिशा में एक बल का अनुभव करती है जो वस्तु द्वारा हटाए गए तरल के भार के बराबर होता है।
    • उपयोग: आपेक्षिक घनत्व ज्ञात करने में, जलयानों/पनडुब्बियों के डिजाइन में, लैक्टोमीटर (दूध की शुद्धता) तथा हाइड्रोमीटर (द्रवों का घनत्व) में।

घनत्व एवं आपेक्षिक घनत्व

  • घनत्व (Density): एकांक आयतन का द्रव्यमान।

(मात्रक: )

  • आपेक्षिक घनत्व (Relative Density): पदार्थ के घनत्व व पानी के घनत्व का अनुपात।

(यह एक मात्रक हीन राशि है)